सेवा, शिक्षा, स्वास्थ्य और मानवता के लिए समर्पित
पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर के स्लम क्षेत्र में जरूरतमंद बच्चों को शिक्षा सामग्री वितरित की गई।
कार्यक्रम श्री शांति फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित हुआ।
पहल का उद्देश्य वंचित बच्चों को पढ़ाई से जोड़ना था।
बच्चों को उपयोगी शिक्षण सामग्री निःशुल्क प्रदान की गई।
किताबें और कॉपियां पढ़ाई के लिए उपलब्ध कराई गईं।
पेंसिल, रबर और कटर जैसी जरूरी वस्तुएं भी दी गईं।
बच्चों को प्रोत्साहन के रूप में आम भी वितरित किए गए।
सामग्री पाकर बच्चों के चेहरों पर खुशी दिखाई दी।
कार्यक्रम ने उनके पढ़ाई के उत्साह को बढ़ाया।
संस्था ने शिक्षा को सर्वांगीण विकास का आधार बताया।
पंडित दीनदयाल नगर में जनसेवा का एक उपयोगी अभियान आयोजित किया गया।
यह अभियान शांति फाउंडेशन के कार्यकर्ताओं ने चलाया।
अभियान का मुख्य उद्देश्य कोरोना संक्रमण से लोगों को बचाना था।
कार्यकर्ताओं ने राहगीरों के बीच मास्क और सैनिटाइजर वितरित किए।
रिक्शा चालकों को भी सुरक्षा सामग्री उपलब्ध कराई गई।
मजदूर वर्ग के लोगों को अभियान में प्राथमिकता दी गई।
वितरण का प्रमुख केंद्र जीटी रोड स्थित काली मंदिर के सामने का इलाका रहा।
लोगों को मास्क पहनने का सही तरीका भी समझाया गया।
सैनिटाइजर के नियमित उपयोग की आवश्यकता बताई गई।
हाथों की स्वच्छता को संक्रमण से बचाव का आधार बताया गया।
वाराणसी में संचालित शांति की पाठशाला में कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें बच्चों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और शिक्षा के महत्व पर चर्चा की।
श्री शांति फाउंडेशन के कार्यकर्ताओं ने जरूरतमंदों, पुलिस कर्मियों और आम नागरिकों में मास्क व सैनिटाइज़र का वितरण किया।
शांति फाउंडेशन ने पुलिसकर्मियों के सम्मान में सहायता अभियान चलाया।
कार्यक्रम मुगलसराय की चंदासी पुलिस चौकी में आयोजित किया गया।
संस्था के सदस्यों ने पुलिसकर्मियों को मास्क प्रदान किए।
सैनिटाइजर भी सुरक्षा उपयोग के लिए सौंपे गए।
यह पहल कोरोना महामारी के कठिन दौर में की गई।
पुलिसकर्मी लगातार जनता की सुरक्षा में तैनात थे।
लॉकडाउन और संक्रमण के बीच उनकी ड्यूटी चुनौतीपूर्ण थी।
संस्था ने उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यकर्ताओं ने पुलिसकर्मियों का उत्साह बढ़ाया।
हर कदम पर सहयोग का भरोसा दिलाया गया।
चंदौली जनपद के पड़ाव स्थित सुजाबाद की स्लम बस्ती में खुले आसमान के नीचे शांति की पाठशाला शुरू हुई।
इस पहल की शुरुआत 7 अप्रैल 2026 को की गई।
पाठशाला का संचालन श्री शांति फाउंडेशन कर रहा है।
यह पहल शिक्षा से दूर बच्चों के लिए नई उम्मीद बनकर सामने आई।
आर्थिक और सामाजिक कठिनाइयों से जूझ रहे बच्चे इसका केंद्र हैं।
संस्था ने जरूरतमंद बच्चों तक निःशुल्क शिक्षा पहुंचाने का लक्ष्य रखा।
साधारण बोर्ड और खुले स्थान से पढ़ाई की शुरुआत हुई।
बच्चों के उत्साह ने संसाधनों की कमी को पीछे छोड़ दिया।
पाठशाला का उद्देश्य नियमित सीखने की आदत विकसित करना है।
बच्चों को बुनियादी शिक्षा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
बच्चों के लिए शिक्षा एवं संस्कार
स्वास्थ्य शिविर एवं जागरूकता
सशक्तिकरण और सहायता कार्यक्रम
राहत सामग्री एवं सहयोग
जरूरतमंदों तक सेवा पहुँचाना
शिक्षा • सेवा • संस्कार • स्वास्थ्य • समाज
“हर बच्चे को शिक्षा, हर व्यक्ति को सम्मान और हर जरूरतमंद को सहयोग हमारा लक्ष्य है।”